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  •  इस्लाम में एकता के उपाय पैग़म्बर (स) के द्वारा
    इस्लाम में एकता के उपाय पैग़म्बर (स) के द्वारा
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    इस्लाम में एकता के उपाय पैग़म्बर (स) के द्वारा

    इस्लाम में एकता के उपाय पैग़म्बर (स) के द्वाराRate this post इस्लामी जगत में एकता का उद्देश्य यह है कि मुसलमान अपनी धार्मिक आस्थाओं के पालन के साथ ही पवित्र क़ुरआन, पैग़म्बरे इस्लाम और एक क़िबला जैसे संयुक्त धार्मिक बिन्दुओं पर बल दें और विभिन्न धार्मिक, राजनैतिक और जातीय मतभेदों से बचें जिससे इस्लामी जगत […]

  •  पहचानें कौन है अबू बक्र बग़दादी
    पहचानें कौन है अबू बक्र बग़दादी
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    पहचानें कौन है अबू बक्र बग़दादी

    पहचानें कौन है अबू बक्र बग़दादीRate this post अचानक ही रातों रात अबू बक्र बग़दादी के नेतृत्व में आईएसआईएल या आईएसआईएस के आतंकियों ने इराक़ के कुछ क्षेत्रों पर क़ब्ज़ा कर लिया। आजकल इस आतंकी गुट का नाम हर व्यक्ति की ज़बान पर है। अब प्रश्न यह उठता है कि पुरी दुनिया विशेषकर मध्यपूर्व में […]

  • ईदे ग़दीर
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    ईदे ग़दीर

    ईदे ग़दीरRate this post पैग़म्बरे इस्लाम (स) का संपूर्ण जीवन एवं उसका एक एक क्षण अति महत्वपूर्ण तथा विशिष्ट आश्चर्यजनक घटनाओं से भरा हुआ है। इस लिए कि पैग़म्बरे इस्लाम (स) के कथन न केवल क़ुराने मजीद की स्पष्ट आयतों के आधार पर हर प्रकार के लोभ व लालसा रहित होते हैं और ईश्वरीय संदेश […]

  • हज़रत अली अलैहिस्सलाम
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    हज़रत अली अलैहिस्सलाम

    हज़रत अली अलैहिस्सलामRate this post हम इस बात के लिए प्रसन्न और ईश्वर के कृतज्ञ हैं कि इस दिन काबे की दीवार में दरार पड़ी और न्याय में निखार आया।  सृष्टि ने पुनः बसंत का अनुभव किया और थकी हुई धरती का भाग्य जाग उठा। इतिहास के तपते हुए मरूस्थल पर न्याय की हरी-भरी छाव फैल […]

  • शिया समुदाय की उत्पत्ति व इतिहास (2)
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    शिया समुदाय की उत्पत्ति व इतिहास (2)

    शिया समुदाय की उत्पत्ति व इतिहास (2)Rate this post   रसूले अकरम (स.) के देहांत के बाद जब आपकी ख़िलाफ़त और उत्तराधिकार का मुद्दा सामने आया तो जो महोदय रसूले इस्लाम (स.) के युग में आपके प्रति सबसे अधिक निष्ठावान थे और आपके शिया समझे जाते थे उन्होंने इमामत के बारे में मौजूद नुसूस और […]

  •  मजमूअऐ मक़ालाते इमामे महदी(अ)(2)
    मजमूअऐ मक़ालाते इमामे महदी(अ)(2)
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    मजमूअऐ मक़ालाते इमामे महदी(अ)(2)

    मजमूअऐ मक़ालाते इमामे महदी(अ)(2)1 (20%) 1 vote (1)हुकूमत के नतीजे आप ने देखा होगा कि जो लोग अपनी हुकूमत बनाकर ताक़त को अपने हाथ में लेना चाहते हैं, वह पहले अपनी हुकूमत के उद्देश्यों का वर्णन नकरते हैं। कभी कभी तो ऐसा होता है कि वह उन उद्देश्यों तक पहुँचने के लिए अपनी योजनाओं को […]

  •  मारेफते ग़दीर
    मारेफते ग़दीर
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    मारेफते ग़दीर

    मारेफते ग़दीरRate this post ग़दीर और वहदते इस्लामी असरे हाज़िर में बाज़ लोग ग़दीर और हज़रते अली अलैहिस्सलाम की इमामत की गुफ़्तुगू (चूँकि इसको बहुत ज़माना गुज़र चुका है) को बेफ़ायदा बल्कि नुक़सानदेह समझते हैं, क्योकि यह एक तारीखी वाक़ेया है जिसको सदियाँ गुज़र चुकी हैं। यह गुफ़्तुगू करना कि पैग़म्बरे इस्लाम सल्ललाहो अलैहे व […]

  •  अमर शौर्यगाथा
    अमर शौर्यगाथा
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    अमर शौर्यगाथा

    अमर शौर्यगाथाRate this post 1 इमाम हुसैन की ज़रीह सन साठ हिजरी क़मरी है। कुछ ही दिन पहले अपने पिता मुआविया की मुत्यु के बाद यज़ीद विस्तृत सीमाओं वाले इस्लामी जगत की बागडोर पर क़ब्ज़ा जमा चुका है। वह शराब के नशे में धुत है और ठहाके लगा रहा है किंतु उसकी आंखों से भय […]

  •  एक और आशूरा
    एक और आशूरा
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    एक और आशूरा

    एक और आशूराRate this post एक बार फिर मुहर्रम और आशूरा आने वाला है। इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम की शहादत (बलिदान) से लेकर आज तक हज़ार से ज़्यादा बार आशूरा आ चुका है और हर बार मकतबे आशूरा की नई तालिमात बयान और आपके मानने वालों के सामने पेश की जाती हैं और इस तरह यह […]

  • तटीय नगर आस्तारा
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    तटीय नगर आस्तारा

    तटीय नगर आस्ताराRate this post आस्तारा नगर कैस्पियन सागर के पश्चिमी तट पर और गीलान प्रांत के उत्तरी छोर पर तथा ईरान व आज़रबाइजान गणराज्य की सीमा पर स्थित है। आस्तारा, इसी नाम के ज़िले का केंद्रीय नगर है। आस्तारा ज़िले की सीमाएं पूरब से कैस्पियन सागर, उत्तर से आज़रबाइजान गणराज्य, पश्चिम से अर्दबील प्रांत […]

  • रूदबार नगर
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    रूदबार नगर

    रूदबार नगरRate this post पिछली कुछ कड़ियों में हरे-भरे व सुंदर गीलान प्रान्त की यात्रा को जारी रखते हुए इस कार्यक्रम में हम रूदबार शहर की चर्चा कर रहे हैं। ऐसा शहर जिसका इतिहास 6 हज़ार वर्ष पुराना है और यह तेहरान-रष्त राजमार्ग पर रष्त नगर से 67 किलोमीटर दक्षिण में स्थित है। रूदबार पर […]

  • अदभुत वास्तुकला का नमूना मासूले नगर
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    अदभुत वास्तुकला का नमूना मासूले नगर

    अदभुत वास्तुकला का नमूना मासूले नगरRate this post गीलान प्रांत के केन्द्र रश्त से 55 किलोमीटर की दूरी पर फ़ूमन नगर से गुज़रने और 35 किलोमीटर घने जंगलों, धान के खेतों व प्राकृतिक सौंदर्य से भरपूर पहाड़ी क्षेत्रों को तय करने के बाद मासूले नामक स्थान पर पहुचते हैं जो अपनी पारंपरिक वास्तुकला का अद्भुत […]

  • चाय के बगानों की नगरी लाहीजान
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    चाय के बगानों की नगरी लाहीजान

    चाय के बगानों की नगरी लाहीजानRate this post लाहीजान, गीलान ही नहीं अपितु पूरे ईरान के सुंदरतम नगरों में से एक है। भौगोलिक दृष्टि से यह नगर पर्वतांचल में स्थित है जिसमें मिट्टी के टीले और चाय के बगान भरे पड़े हैं। इस नगर के घरों की वास्तुकला ने भी नगर को एक विशेष सौंदर्य […]

  • गीलान प्रांत का तटीय क्षेत्र, बंदर अनज़ली
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    गीलान प्रांत का तटीय क्षेत्र, बंदर अनज़ली

    गीलान प्रांत का तटीय क्षेत्र, बंदर अनज़लीRate this post बंदर अंज़ली उत्तरी ईरान की महत्त्वपूर्ण बंदरगाहों में है जिसके तीन ओर समुद्र और कच्छ है और केवल एक भाग सूखे से जुड़ा हुआ है। बंदर अंज़ली कैस्पियन सागर के दक्षिणपश्चिमी किनारे पर चालीस वर्ग किलोमीटर के क्षेत्रफल में मौजूद है और यहां से केन्दीय रश्त […]

  • रश्त नगर की ऐतिहासिक धरोहरें
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    रश्त नगर की ऐतिहासिक धरोहरें

    रश्त नगर की ऐतिहासिक धरोहरेंRate this post उत्तरी ईरान के गीलान प्रांत के केंद्रीय नगर रश्त के ऐतिहासिक अवशेषों में से एक सुलैमान दाराब नामक क़ब्रस्तान में स्थित प्रसिद्ध स्वतंत्रताप्रेमी मीरज़ा कूचक ख़ान जंगली का मज़ार है जो साम्राज्यवादियों के चंगुल से ईरान को मुक्त कराने क लिए उनके संघर्ष की गाथा सुनाता है। मज़ार […]

  • प्रकृति का संगम, रश्त
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    प्रकृति का संगम, रश्त

    प्रकृति का संगम, रश्तRate this post जंगल, वर्षा, चावल, रेशम, उफनती नदियों, बैगनी फूलों के विशाल स्थान, बसंती गुलाब, कमल के फूल, मुर्ग़ाबियों, हंसों, और विविधतापूर्ण वनस्पतियों जैसी विशेषताओं से संपन्न प्रांत का नाम गीलान है। गीलान प्रांत के नगर अपनी वास्तुकला, आर्थिक गतिविधियों, प्राकृतिक सौंदर्य, ऐतिहासिक महत्व के कारण इस क्षेत्र के पर्यटन आकर्षण […]

  • गीलान प्रांत, हस्तकलाओं का केन्द्र
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    गीलान प्रांत, हस्तकलाओं का केन्द्र

    गीलान प्रांत, हस्तकलाओं का केन्द्र3 (60%) 1 vote अधिकांश पुरातन वेत्ताओं और शोधकर्ताओ का मानना है कि मिट्टी के बर्तनों को बनाने की कला की जन्म स्थली ईरान है और यहीं से यह कला अन्य देशों में फैली और यह मानवीय उत्पादन की प्राचीन गतिविधियों में से एक है। यह भी कहा जाता है कि […]

  • क़िला नौख़रक़ान गांव
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    क़िला नौख़रक़ान गांव

    क़िला नौख़रक़ान गांवRate this post आज हम सेमनान प्रांत के प्राचीन गावों में से एक क़िला नौख़रक़ान का परिचय कराएंगे। यह वह गांव है जहां चौथी और पांचवी हिजरी क़मरी के महान आध्यात्मिक गुरु शैख़ अबुल हसन ख़रक़ानी का मज़ार है जिससे इस गांव की ऐतिहासिक पृष्ठिभूमि का पता चलता है और ईरान के सांस्कृतिक […]

  • ईरान का पहाड़ी गांव रूदबार क़स्रान
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    ईरान का पहाड़ी गांव रूदबार क़स्रान

    ईरान का पहाड़ी गांव रूदबार क़स्रानRate this post रूदबार क़स्रान, तेहरान के आस -पास के पर्वतीय क्षेत्रों में अच्छी व लुभावनी जलवायु वाला क्षेत्र है। वास्तव में रूदबार क़स्रान तेहरान के उत्तर में स्थित शमीरान उपनगर का एक भाग है। इसका क्षेत्रफल लगभग ४०० वर्ग किलोमीटर है और यह तेहरान के उत्तर में ३० से […]

  • गीलिअर्द एवं बारीकान गांव
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    गीलिअर्द एवं बारीकान गांव

    गीलिअर्द एवं बारीकान गांवRate this post तालेक़ान क्षेत्र ईरान के पर्वतीय और अद्वितीय घाटियों वाला क्षेत्र है जो पश्चिमी अलबुर्ज़ क्षेत्र में स्थित है। पूरब से पश्चिम तक तालेक़ान का पूरे क्षेत्र में शाहरूद नामक नदी फैली हुई है। यह नदी अलमौत नामक नदी और उसके बाद सफ़ेद झील में मिल जाती है। तालेक़ान क्षेत्र […]

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