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    व्यक्ति, बकरी और बेटे

    Rate this post प्राचीन काल में एक आदमी के पास एक बकरी थी, उसने एक दिन अपने छोटे से पुत्र से कहाः इस बकरी को चराने ले जाओ । लड़का बकरी को लेकर गया और रात तक चराता रहा। रात को पिता ने बकरी से पूछाः आज पेट भर कर खाया बकरी ने झूठ बोल […]

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    चालाक लोमड़ी

    Rate this post किसी समय एक गिद्ध और एक लोमड़ी में मित्रता हो गई। एक दिन लोमड़ी ने, जो लोगों को बहुत अधिक यातनाएं देती थी और बड़ी धूर्त थी, गिद्ध से कहा कि हे मेरे मित्र! तुम सदैव आसमान में उड़ते रहते हो और बादलों के अतिरिक्त किसी चीज़ को नहीं देखते। आओ मेरी […]

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    कव्वे और लकड़हारे की कहानी

    Rate this post एक बार की बात है कि एक गांव में एक ग़रीब लकड़हारा रहता था, वह प्रतिदिन जंगल से लकड़ी काट कर लाता और उन्हें बेचकर अपना और अपने परिवार का पेट पालता था। लकड़हारा बहुत गरीब लेकिन ईमानदार, दयालु और अच्छे चरित्र वाला आदमी था। वह हमेशा दूसरों के काम आता और […]

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    लोमड़ी और चक्कीबान – 2

    Rate this post हमने बताया था कि एक लोमड़ी आटे की चक्की पर चोरी करते पकड़ी गयी और जब उसने अपनी जान खतरे में देखी तो चक्की के मालिक से कहा कि यदि वह उसे छोड़ दे तो वह अपनी गलती सुधारेगी और उसका भला करेगी। लोमड़ी ने योजना बनायी और चक्की के मालिक को […]

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    लोमड़ी और चक्कीबान-1

    Rate this post    कहते हैं कि पुराने युग में एक चक्की वाला था कि जो लोगों के गेहूं पीसता था और मज़दूरी उसी आटे से ले लिया करता था कि जो वह पीसा करता था और उसे चक्की के एक कोने में इकट्ठा किया करता था। लेकिन हर दिन जब सुबह चक्की पर आता […]

  • रिश्तों की अहमियत
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    रिश्तों की अहमियत

    रिश्तों की अहमियत3.5 (70%) 8 vote[s] बचपन एक ऐसा दौर है जिसको हम बड़े प्यार से पीछे मुड़ कर देखा करते हैं। वो ऐसा वक्त होता है जब जिंदगी छोटी-छोटी खुशियों से भरी और जिम्मेदारियों से खाली होती है। मगर जरा गहराई से सोच कर देखिए कि क्या बच्चे सचमुच आजाद हैं? या वो अपने […]

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    जीवन की समस्याएं

    Rate this post आज टीचर फिर क्लास में गिलास ले कर आए लेकिन इस बार उन्होंने कुछ अनोखे ढ़ंग से नया पाठ पढ़ाया। उन्होंने गिलास को हाथ में उठाया और स्टूडेंट्स से पूछा: इस गिलास का वज़न कितना होगा? यह बहुत भारी है या बिल्कुल हल्का? स्टूडेंट्स नें जवाब दिया: सर! बिल्कुल हल्का है। टीचर नें […]

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    मेरी बेटी केवल मेरी दोस्त

    Rate this post नौजवानी एक ऐसा टाइम होता है जब लड़की भावनाओं और एहसासों के बहाव में बहती है, साथ ही उसके दोस्तों का भी उसके ऊपर बहुत गहरा असर पड़ता है। लड़का और लड़की दोनों ही इसके लपेटे में ज़बरदस्त तरीक़े से आ जाते हैं। यह आपके सामने बहुत बड़ा चेलेंज है कि आप […]

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    तालीम

    Rate this post बच्चे का पहला स्कूल मां की गोद होती है और मां अपने बच्चे को अच्छी तालीम देने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ती। तीन साल का बच्चा हुआ नहीं कि उसे स्कूल भेजना शुरु कर दिया जाता है। पैरेन्टस अपने बच्चे को अच्छे से अच्छे स्कूल में पढ़ाते हैं और चाहते हैं […]

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    इस्लाम में पर्दा की वास्तविकता

    Rate this post संशोधक:अताउर्रहमान ज़ियाउल्लाह संछिप्त विवरण:पर्दा सर्वप्रथम अल्लाह की उपासना है, जिसे अल्लाह ने अपनी व्यापक व अपार तत्वदर्शिता से औरतों पर अनिवार्य कर दिया है। पर्दा नारी के लिए पवित्रता, शालीनता और सभ्यता का प्रतीक, तथा उसके सतीत्व व मर्यादा का रक्षक है। पर्दा वास्तव में नारी के लिए प्रतिष्ठा और सम्मान का […]

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    रिश्तेदारों से मिलना जुलना

    Rate this post इस्लाम ने जिन समाजी और सोशली अधिकारों की ताकीद की है और मुसलमानों को उनकी पाबंदी का हुक्म दिया है उनमें से एक यह है कि वह अपने घर परिवार और रिश्तेदारों के साथ हमेशा अच्छे सम्पर्क बनाये रखें इसी को सिल-ए-रहेम अर्थात रिश्तेदारों से मिलना जुलना कहा जाता है। इसलिये एक […]

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    क़ुराने मजीद

    Rate this post बिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम क़ुराने मजीद क़ुरआन रब की ख़ास इनायत का नाम है। क़ुरआन नज़मो ज़बते शरीयत का नाम है। क़ुरआन एक ज़िंदा हक़ीक़त का नाम है। क़ुरआन ज़िंदगी की ज़रूरत का नाम है। क़ुरआन एक किताबे इलाही जहाँ में है। क़ुरआन के बग़ैर तबाही जहाँ में है। क़ुरआन किरदगार की रहमत का नाम […]

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    आप पैग़म्बर होने का दावा क्यों नहीं कर देते

    Rate this post बहमनयार अबू अली सीना के प्रसिद्ध शिष्य थे, एक बार उन्होने अपने गुरू के सामने यह प्रस्ताव रखा कि वह पैगम्बर होने का दावा कर दें। अबू अली सीना ने कोई उत्तर नहीं दिया। कुछ समय बीता, एक रात गुरू और शिष्य दोनों गहरी नींद सो रहे थे, रात भी बहुत ठंङी […]

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    एक दंपति के यहां लंबे समय के बाद संतान का जन्म

    Rate this post प्राचीनकाल की बात है एक दंपति के लंबे समय तक संतान नहीं हुई।  संतान की प्राप्ति के लिए उन्होंने अपना बहुत उपचार करवाया।  उपचार के पश्चात ईश्वन ने उन्हें एक पुत्र प्रदान किया।  उन्होंने अपने पुत्र का नाम माहेर रखा।  माहेर धीरे-धीरे बड़ा होने लगा।  एक दिन माहेर के पिता ने अपनी […]

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    सफल महिलाएं-1

    Rate this post इतिहास इस बात का साक्षी है कि कुछ लोग ऐसे होते हैं जो सदैव भलाई और अच्छाई के प्रतीक होते हैं जबकि दूसरे कुछ लोग सदैव बुराई के प्रतीक होते हैं। पवित्र क़ुरआन ने लोगों को इन जैसे लोगों से पाठ सीखने का निमंत्रण दिया है। पवित्र क़ुरआन में कुछ ऐसी महिलाओं […]

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    आज का कथन

    Rate this post दरिद्रों से प्रेम व निकटता, ईश्वर से समीप होने का मार्ग है। पैग़म्बरे इस्लाम सल्लल्लाहो अलैहे व आलेही व सल्लम **** मोमिन के लिए ऐसी इच्छा रखना कितना बुरा है जो उसे अपमानित कर दे। इमाम हसन अस्करी अलैहिस्सलाम **** मैं पैग़म्बरे इस्लाम (स) का अन्तिम उत्तराधिकारी हू और ईश्वर मेरे कारण […]

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    इतिहास रचने वाली कर्बला की महिलाएं

    Rate this post बहुत से महापुरुष और वे लोग जिन्होंने इतिहास में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई है, उनकी सफलता के पीछे दो प्रकार की महिलाओं का बलिदान और त्याग रहा है। पहला गुट उन मोमिन और बलिदानी माताओं का है जो इस प्रकार के बच्चों के पालन पोषण में सफल हुईं। दूसरा गुट उन महिलाओं का है […]

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    वर्ष 2010 और महिलाएं

    Rate this post वर्ष 2010 भी विभिन्न उतार चढ़ाव के साथ समाप्त हो गया। इस वर्ष भी विश्व की आधी जनसंख्या के रूप में महिलाएं, विभिन्न मामलों में उलझी रहीं जिनमें से कुछ उनसे विशेष थे। इस कार्यक्रम में हम पिछले वर्ष 2010में महिलाओं और परिवार के विभिन्न मामलों पर एक दृष्टि डालने जा रहे हैं। वर्ष 2010 में संयुक्त राष्ट्र […]

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    हज़रत अली (अ) और कूफे के अनाथ

    Rate this post एक दिन हज़रत अली अलैहिस्सलाम ने देखा किएक औरत अपने कंधे पर पानी की मश्क उठाए हुएले जा रही है आपने इस औरत से मश्क ले ली और मश्क उसके घर पहुंचा दी. पानी की मश्क उसके घरतक पहुंचाने के बाद आपने उसका हाल चाल भी पूछा. महिला ने कहा: अली इब्ने अबी् तालिब ने मेरे पतिको कहीं काम से भेजा गया था जहां वह मार डालेगए अब में यतीम बच्चों की पालन पोषण कर रहीहूँ हालांकि उनकी सरपरस्ती और पालन पोषण मेरेबस से बाहर है हालात से मजबूर होक्रर लोगों केघरों में जाकर सेवा करती हूँ . अली अलैहिस्सलाम यह सुन कर अपने घर वापसआ गए और पूरी रात आप नहीं सोए अगली सुबह आपने एक टोकरी में खाने पीने का सामान रखा औरऔरत के घर की ओर चल पडे,, रास्ते में कुछ लोगों ने हज़रत अली अलैहिस्सलाम से अनुरोध किया कि खाने कीचीजों से भरी हुई टोकरी उन्हें दे दें वह पहुँचा देंगें मगर हज़रत अली यह कहते जाते थेः क़यामत के दिन मेरे कार्यों का बोझ कौन उठाएगा? उस स्त्री के घर के दरवाजे पर पहुँचने के बाद आपने दरवाजा खटखटाया. महिला ने पूछा कौन है? हज़रत ने जवाब दिया: जिसने कल तुम्हारी मदद की थी और [...]

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    ईश्वर के साथ संपर्क पहली बार क़ुम में आभास किया

    Rate this post हाल ही में इस्लाम स्वीकार करने वाली पूर्व ब्रिटिशप्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर की साली लावरन बूथ(Lauren Booth) ने कहा है कि इस्लाम का सम्मानऔर रुचि उनकी ग़ज्ज़ा यात्रा से शुरू हुई.   उन्होंने कहाः छह सप्ताह पहले जब ईरान आई और क़ुम में करीमए अहले बैत हज़रत फ़ातिमामासूमा (सलामुल्लाह अलैहा) के हरम की जियारतसे मुशर्रफ हुई तो वहां मैंने पहली बार अल्लाह केसाथ संपर्क और संबंध महसूस किया और यहअल्लाह के साथ मेरे संपर्क का पहला अनुभव था. लावरन बूथ ने कहा कि हज़रत फ़ातिमा मासूमा(सलामुल्लाह अलैहा) के हरम में ज़रीह की ओर गई और अपने हाथ से उसे छुआ तो मेरे मुंह से ना चाहते हुए ये शब्द निकले “अल्लाह तेरा शुक्र”. उन्होंने कहा कि ये शब्द अचानक और गैर एरादी रूप में मेरे मुंह से निकले क्योंकि मैं मुसलमान नहीं थी, मैंनेइस यात्रा पर अल्लाह का शुक्र अदा किया कि जिसकी […]

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